जिनवाणी संग्रह – Jinvani

जिन उपासना

( पूजा – पाठ – स्तोत्र संग्रह )

Namokar/Navkar Mantra – णमोकार महामंत्र

मंगलपाठ Mangal Paath
महावीराष्टक-स्तोत्रम्‌
विशापहार स्त्रोत्रं – vishapahaar-strotram
दुःख हरण विनती : वृन्दावन दास
संकट मोचन विनती – वृन्दावनदास |
जिनवाणी स्तुति – Jinvani Stuti
बारह भावना (श्री मंगत राय जी कृत) – Barah Bhavna (Shri Mangat Rai ji)
श्री चौबीस तीर्थंकर भगवान की आरती – Chaubis Tirthankar Aarti
णमोकार महामंत्र चालीसा – Namokar Mahamantra Chalisa
श्री मंगलाष्टक स्तोत्रं Sh. Mangalashtak Stotram
छहढाला | Chhahdhala

आरती

पार्श्वनाथ स्तोत्र – Parshvanath-Stotra
||प्रभु पतित पावन-स्तुति|| Prabhu Patit Pawan-Stuti
पंच परमेष्ठी की आरती Panch Parmeshthi Aarti
श्री पुष्पदन्तनाथ भगवान की आरती – Pushpdant Aarti
श्री मुनिसुव्रतनाथ भगवान की आरती- shri Munisuvratnath Bhagwan Aarti
श्री चन्द्रप्रभु भगवान की आरती- shri chandra prabhu aarti
श्री आदिनाथ भगवान की आरती
भजन : मैं थाने पूजन आयो Bhajan : Main Thane Poojan Aayo
देवदर्शन-स्वाध्याय : विधि निर्देश
अभिषेक : विधि-निर्देश
स्वस्तिक : उद्देश्य एवं भावना
पूजन : विधि-निर्देश
जैन दर्शन का उद्देश्य
मंगलाष्टकम ( संस्कृत )
मंगलाष्टक-स्तुति ( हिंदी )
दर्शनपाठ (तुम निरखत ..)
स्तुति (प्रभु पतितपावन)
देवदर्शन -स्तोत्रम (संस्कृत) – Dev Darshan Stotra
पंचकल्याणक मंगलपाठ
जला्भिषेक पाठ
प्रतिमा-प्रक्षाल-विधि पाठ
अभिषेक पाठ (सस्कृत)
——————नित्य -नियम पूजा-विधि ————–
विनयपाठ (इह बिधि ठाडो..) – Vinay Paath
मंगलपाठ (मंगलमूर्ति परमपद…) – Mangal Paath
भजन ( श्री जी। मैं थानेपूजन..)
पूजा-विधिं प्रारम्भ -Pooja Vidhi Prarambh
पंचकल्याणक अर्घ्य
स्वस्ति-मंगल-विधान (संस्कृत )
चतुविर्शती स्वस्ति-मंगलम् (संस्कृत)
परमर्षि -स्वस्ति-विधान (संस्कत) – Parmarshi Swasti Paath
देव-शास्त्र-गुरू पूजा (द्यानतराय)
तीस चौबीसी का अर्घ्य
श्री बीस तीर्थंकर पूजा ( द्यानतराय)
विद्यमान बीस तीर्थंकर के अर्घ्य
अकत्रिम चैत्यालय-वंदना (संस्कृत )
चैत्य भक्ति
सिद्ध पूजा (संस्कृत-पदमनन्दि)
सिद्ध-पूजा (भावाष्टक-द्रव्याष्टक)
सिद्ध-पूजा ( द्रव्याष्टक-हीराचंद)
समुच्चय चौबीसी पूजा (वृंदावन) – Samucchay Chaubisi Pooja
श्री आदिनाथ्-जिन पूजा ‘ जिनेशवर’
श्री शांतिनाथ पूजा ( बखतावर)
श्री पाश्वैनाथ पूजा (बख्तावर)
श्री महावीर-जिन पूजा (वृंदावन)
समुच्चय महाअर्घ्य – Samucchay Mahaargh
आसिका लेने का पद
शांतिपाठ (शास्त्रोक्तविथि..)
विसर्जनपाठ (संपूर्ण विधि )
पार्श्वनाथ स्तुति – (तुम तरण तारण…) Parshvanath Stuti
स्तुति (मैं तुम चरण.) – Mai Tum Charan Kamal Gunagaay Stuti
भजन (आ. देवेन्द्रकीर्ति)

———अन्य वैकल्पिक पूजा ——————-
समन्वय पूजा (सच्चिदानंद )
श्री देव-शास्त्र-गुरु पूजा (युगल जी)
श्री देव-शास्त्र-गुरु पूजा (रविन्द्र )
श्री आदिनाथ पूजा (चाँद खेडी )
श्री ऋ्षभदव पूजा ( रानीला)
श्री पदमप्रभु पूजा (बाड़ा )
श्री चंद्प्रभ पूजा (तिजारा )
श्री नेमिनाथ पुजा (सन्मति)
श्री पार्श्वनाथ पूजा (पुष्पेन्द्र ) – Shri Parshvanath Jin Pooja ‘Pushpendu’
श्री पार्श्वनाथ पूजा (रविन्द्र )
श्री पार्श्वनाथ पूजा (बड़ागांव)
श्री महावीर पूजा (चादनगांव )
भजन (चांदनपुर के महावीर)
श्री महावीर पूजा ( भारिल्ल)
नवदेवता-पूजन (ज्ञानमती)
श्री पंच परमेष्ठी पूजा (राजमल)
सिद्ध-पूजा (युगल जी )
श्री बाहुबलीस्वामी पूजा ( अरुणा)
श्री जम्बूस्वामी पूजा (स्वस्ति भुषण)
आ. कुंद कुंद स्वामी पूजा ( अरुणा)

—–सलूनो (रक्षाबंधन) पर्व पूजाएं——

श्री अकंपनाचर्यादी पूजा
श्री विष्णुकुमार मुनि पूजा

—— विशोष-पर्वं पूजाएं—-

साोलहकारण भावना पूजा ( द्यानत)
पंच्मेरू पूजा (द्यांनतराय)
नंदीइश्वर द्वीप पूजा (द्यानतराय)
दशलक्षण धर्म पूजा (द्यानतराय)
रत्नत्रय पूजा (द्यानतराय)
सम्यग दर्शन पूजा (द्यानतराय)
सम्यग ज्ञान पूजा (द्यानतराय)
सम्यक चरित्र पूजा (द्यानतराय)
स्वयंभूस्तोत्र ( भाषा) (द्यानतराय)
क्षमावणी-पर्व पूजा (मल्ल जी )

नैमितिक पूजा
अकृत्रिम -चेत्यालय पूजा ( नैमजी )
सप्त ऋषि पूजा (मनरंगलाल)
चौबीसी निर्वाणक्षेत्र पूजा (द्यानत)
पंचबालयति पूजा ( अरदास)
निर्वाणक्षेत्र बड़ी पूजा (निर्वाण लड्डू पूजा)
श्री ऋषिमंडल पूजा (दौलत आसेरी)
रविव्रत पूजा
समुच्य पूजा – Samuchchay Pooja
नवग्रह अरिष्ट-निवारक विधान
उपसर्ग हर स्तौत्र (भद्रबाहु )
नवग्रह-शाति स्तोत्रम (संस्कृत )
नवग्रह-शाति स्तौत्र (हिन्दी)
नवग्रहों के जाप्य
श्री कलीकुंड-पार्श्वनाथ पूजा
अहिच्छत्र श्रीपार्श्वनाथ पूजा
दीपावली-पूजन-विधान
नई बहियों की मुहर्त-विधि
सरस्वती पूजा (द्यांनतराय)
सरस्वती स्तवन
गौतमस्वामी जी का अर्घ्य
अंतराय-नाशार्थ अर्घ्य
लाभ शुभ
शाति-पाठ (संस्कृत)
विसर्जन-पाठ (संस्कृत)
अथ इष्ट – प्रार्थना
शाति-पाठ (हिन्दी)
विसर्जन -पाठ (हिन्दी )
वीर प्रभु जी आरती
गौतम गणधरदेव पूजा ( अरुणा)
निर्वाण-कांड (हिन्दी- भगवती)
श्रुत पंचमी पूजा (अरुणा)
नमोकार महामंत्र पूजा (ज्ञानमती)

—-कविवर श्री वृंदावन कृत वर्तमान चौबीसी पूजा संग्रहत–

चौबीसी पूजा स्तवन
श्री ऋषभनाथ पूजा
श्री अजितनाथ पूजा
श्री सभवनाथ पूजा
श्री अभिनदननाथ पूजा
श्री सुमतिनाथ पूजा
श्री पद्मप्रभ पूजा
श्री सुपार्श्वनाथ पूजा
श्री चंद्रप्रभ पूजा
श्री पुष्पदंत पूजा
श्री शीतलनाथ पूजा
श्री श्रेयांसनाथ पूजा
श्री वासुपूज्य पूजा
श्री विमलनाथ पूजा
श्री अनंतनाथ पूजा
श्री धर्मनाथ पूजा
श्री शांतिनाथ पूजा
श्री कुंथुनाथ पूजा
श्री अरहनाथ पूजा
श्री मल्लीनाथ पूजा
श्री मुनिसुव्रतनाथ पूजा
श्री नमिनाथ पूजा
श्री नेमिनाथ पूजा
श्री पार्श्वनाथ पूजा
श्री महावीर-जिन पुजा
समुच्य चौवीसी पुजा

————-स्तोत्रम-संग्रह—————
श्री जिनसहस्नाम-स्तोत्रम (स)
श्री ऋषिमंडल स्तोत्रम (संस्कृत)
त्चार्थसुत्र : मोक्षशास्त्र ( संस्कृत)
भक्तामर-स्तोत्रम (संस्कृत)
भक्तामर-स्तोत्र महिमा
भक्तामर-स्तोत्र (हिंदी , हेमराज)
महावीराष्टक-स्तोत्रम् (संस्कृत)
तीर्थवकर महावीर महत्वपूर्ण संदर्भ
कल्याण मंदिर -स्तोत्र (हिन्दी)
एकीभाव-स्तोत्र (हिंदी )
विशापहार स्त्रोत्रं – vishapahaar-strotram
मंगल प्रभात स्तबन
भूपालचतुर्विर्शाती -स्तोत्र (हिन्दी)
रत्नाकर -पंच विंशतिका

—-पाठ व स्तुति संग्रह—–
सामायिक-पाठ (नितदेव् । मेरी..)
आलाोचना-पाठ (सुनिए जिन…)
सामायिक-पाठ (काल-अनंत..)
बारह भावना (वंदें श्री अरिहंत..) – Barah Bhavna (Shri Mangat Rai ji)
बारह भावना (राजा राणा छत्र..)
मेरी भावना (जिसने राग-द्वेष ..) – Meri Bhawna
वैराग्य भावना (इविधि राज..)
समाधी भावना (दिन-रात मेरे..)- Samadhi Bhavna
लघु समाधिमरण-पाठ
अथ अठाई रासा (विनयकीर्ति)
तिथि पोडशी पाठ (द्यानतराय)
संकटमोचन विनती ( हे दीनबंधू ) -वृन्दावनदास
दु:खहरण विनती ( श्रीपति जिन) – वृन्दावनदास
गुरु स्तुति ( ते गुरु मेरे .. )
दर्शन पाठ ( दोलतराम)
देव-स्तुति ( भूधरदास)
आराधना-पाठ ( ानतराय)
श्री पार्श्वनाथ स्तोत्तम (नरेन्द्र) – Parshvanath-Stotra
आत्म कीर्तन( हूँ स्वतंत्र ..)
इष्ट प्राथना (भावना दिन…)
संबोधन (सदा संतोाष कर..)
आत्म-रमण ( मैं दर्शन .. )
आत्म – भक्ति (मेरे शाश्वत .)
श्री सिद्धचक्र की आरती
स्तुति ( श्रीसिद्ध चक्र का पाठ ..)
स्तुति पार्श्वनाथ (तुमसे लागी…)
शास्त्र-स्वाध्याय-मगलाचरण
जिनवाणी-स्तुति ( वीर हिमा.)

———-चालीसा -संग्रह———
श्री आदिनाथ चालीसा (चांदखेडी)
श्री पद्मप्रभ चालीसा
श्री चंद्रप्रभम चालीसा
श्री मुनिसुव्रतनाथ चालीसा
श्री पार्श्वनाथ चालीसा (बडागाव)
श्री पार्शवनाथ चालीसा ( अहिच्छत्र)
श्री महावीर चालीसा

—आरती संग्रह—
आरती : शब्दार्थ और व्याख्या
श्री पंच-परमेष्ठी (इहविधि…)
आरती : श्री जिनराजतिहारी
आरती : श्री चौवीस भगवान्
आरती : श्री आदिनाथ भगवान
आरती : चन्द्र प्रभु
आारती : श्री मुनिसुव्रतनाथ
आरती : श्री पार्श्वनाथ
आरती : श्री पाश्वनाथ( बड़ागांव )
आरती : श्री वर्धमान
आरती: श्री महावीर (चादनपूर)
आरती : श्री महावीर स्वामी

—-अन्य उपयोगी पाठ्य – सामग्री —
सम्मेदशिशखर वंदना क्रम
प्रमुख तीर्थक्षेत्र-परिचय
प्रमुख जैन -पर्व
वृहत्त शातिधारा-पाठ
सिदक्षेत्रों की अर्घ्यवली
समस्त पूजा-अर्घ्यवली
जाप्य मंत्र सूची
भक्ष्य अभक्ष्य
फल सब्जी : जैन सूची
श्रावक-प्रतिक्रमण’ क्या है?
श्रावक -प्रतिक्रमण (लघु )
पंच -कल्याणक-तिधियाँ
पंच -कल्याणक-तिधि चार्ट
रस त्याग विचार
दिशाशूल-विचार
सुतक-अवाधि-विचार
चैत्य -चेत्यालय-निर्माण : वास्तु
ग्यारह प्रतिमा व्रत क्रम
सल्लैखना का स्वरूप
जैनाचार्य : समय और रचनाएँ
जैन दर्शन सामान्य प्रवृतिया
दिगम्बर जैन मुनि
जैन धर्म शब्दार्थ

 

Comments

comments

अपने क्षेत्र में हो रही जैन धर्म की विभिन्न गतिविधियों सहित जैन धर्म के किसी भी कार्यक्रम, महोत्सव आदि का विस्तृत समाचार/सूचना हमें भेज सकते हैं ताकि आप द्वारा भेजी सूचना दुनिया भर में फैले जैन समुदाय के लोगों तक पहुंच सके। इसके अलावा जैन धर्म से संबंधित कोई लेख/कहानी/ कोई अदभुत जानकारी या जैन मंदिरों का विवरण एवं फोटो, किसी भी धार्मिक कार्यक्रम की video ( पूजा,सामूहिक आरती,पंचकल्याणक,मंदिर प्रतिष्ठा, गुरु वंदना,गुरु भक्ति,गुरु प्रवचन ) बना कर भी हमें भेज सकते हैं। आप द्वारा भेजी कोई भी अह्म जानकारी को हम आपके नाम सहित www.jain24.com पर प्रकाशित करेंगे।
Email – jain24online@gmail.com,
Whatsapp – 07042084535